04 फरवरी 2026
सीजी क्राइम रिपोर्टर
न्यायधानी बिलासपुर/विशेष खबर
व्यापार, उद्यमिता और आपसी सहयोग की भावना को सशक्त मंच प्रदान करने वाला BNI व्यापार–उद्योग मेला अपने भव्य और यादगार समापन के साथ इतिहास रच गया। यह मेला केवल खरीद–फरोख्त तक सीमित नहीं रहा, बल्कि व्यापार, नवाचार, सेवा, संस्कृति और सामाजिक संवेदना का एक जीवंत संगम बनकर उभरा।

देशभर के व्यापारी, एक ही मंच पर
मेले में 300 से अधिक स्टॉल लगाए गए, जहाँ जम्मू–कश्मीर, राजस्थान, गुवाहाटी सहित देश के विभिन्न राज्यों से आए व्यापारियों ने अपने उत्पादों और सेवाओं का प्रदर्शन किया।
साथ ही छत्तीसगढ़ के स्थानीय कारीगरों और उद्यमियों को भी समान अवसर और मंच मिला, जिसने वोकल फॉर लोकल की भावना को मजबूती दी।

छोटे व्यापारी से लेकर बड़े उद्योगपति तक की भागीदारी
BNI के इस मेले की सबसे बड़ी खासियत रही—
👉छोटे स्तर पर व्यापार करने वाले उद्यमियों से लेकर बड़े उद्योगपतियों की एकसाथ सहभागिता।
इस आयोजन ने न सिर्फ व्यापारिक लेन-देन को गति दी, बल्कि कई लोगों के अधूरे व्यापारिक सपनों को उड़ान दी और उन्हें नई दिशा व नई सोच से जोड़ दिया।

समापन दिवस पर उमड़ा जनसैलाब
मेले के अंतिम दिन इस ऐतिहासिक आयोजन के आखिरी पलों का साक्षी बनने के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। उत्साह, विश्वास और व्यापारिक ऊर्जा से सराबोर यह दृश्य मेले की अभूतपूर्व सफलता का प्रमाण बना।

सुरक्षा व्यवस्था रही चाक-चौबंद, पुलिस की सराहनीय भूमिका
मेले के दौरान पुलिस प्रशासन की भूमिका अत्यंत सराहनीय रही।
ड्रोन कैमरों के माध्यम से पूरे परिसर पर पैनी नजर रखी गई और कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए, ताकि मेले में आए हर व्यक्ति को सुरक्षित और सुखद वातावरण मिल सके। किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना नहीं होना प्रशासनिक सजगता का परिचायक रहा।

राजनीति से ऊपर उठकर व्यापार का संदेश
इस मेले की एक और खास बात रही कि पक्ष और विपक्ष के नेताओं ने भी एकजुट होकर मेले का अवलोकन किया और व्यापारिक गतिविधियों का लाभ लिया। यह दृश्य इस बात का संकेत बना कि व्यापार और विकास की सोच राजनीति से ऊपर होती है।
BNI व्यापार एवं उद्योग मेला बना प्रेरणा का केंद्र
कुल मिलाकर, BNI व्यापार–उद्योग मेला केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि
➡️ उद्यमिता को बढ़ावा देने वाला आंदोलन
➡️ नेटवर्किंग और नवाचार का सशक्त मंच
➡️ और स्थानीय से राष्ट्रीय व्यापार को जोड़ने वाली कड़ी बनकर सामने आया।
यह मेला आने वाले समय में प्रदेश और देश के व्यापारिक आयोजनों के लिए एक मिसाल के रूप में याद किया जाएगा।
