25 जून 2026
सीजी क्राइम रिपोर्टर
न्यायधानी बिलासपुर/बलौदाबाजार विशेष
बलौदाबाजार। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में पिछले चार महीनों से ग्रामीणों के बीच दहशत का कारण बनी रहस्यमयी मौतों की गुत्थी पुलिस ने सुलझाने का दावा किया है। कसडोल थाना क्षेत्र के खर्वे गांव में हुई लगातार मौतों के मामले में पुलिस ने 46 वर्षीय एक किराना व्यवसायी रामसहाय जायसवाल को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर गांव के आठ लोगों की हत्या और एक व्यक्ति की हत्या के प्रयास का आरोप है।
गांव में फरवरी से मई 2026 के बीच अलग-अलग समय पर कई लोगों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई थी। शुरुआत में इन मौतों को सामान्य माना गया, लेकिन लगातार बढ़ती घटनाओं ने ग्रामीणों को चिंतित कर दिया। आखिरकार ग्रामीणों ने पुलिस को लिखित शिकायत देकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की।
जांच के दौरान पुलिस ने कई मृतकों के शवों को कब्र से निकलवाकर फॉरेंसिक परीक्षण कराया। विशेषज्ञों द्वारा डीएनए, विसरा और अन्य आवश्यक नमूनों की जांच की जा रही है। जांच के दौरान पुलिस को ऐसे सुराग मिले जिनसे संदेह एक ही व्यक्ति पर केंद्रित हो गया।
पुलिस के अनुसार पूछताछ में आरोपी ने कथित रूप से स्वीकार किया कि उसने पुरानी रंजिश, व्यक्तिगत विवाद, गाली-गलौज, चरित्र को लेकर संदेह तथा टोना-टोटका जैसी बातों को लेकर कई लोगों को निशाना बनाया। आरोप है कि वह शराब में जहरीला पदार्थ मिलाकर परिचितों को पिलाता था, जिससे उनकी मौत हो जाती थी।
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी ने कथित रूप से जहर के प्रभाव को परखने के लिए पहले एक कुत्ते पर प्रयोग किया था। इसके बाद अलग-अलग तिथियों में गांव के कई लोगों को निशाना बनाया गया। एक व्यक्ति की जान समय रहते उपचार मिलने के कारण बच गई।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक आरोपी खुद को संदेह से दूर रखने के लिए पीड़ितों को अस्पताल पहुंचाने में मदद करता था और अंतिम संस्कार में भी शामिल होता था। इसी कारण लंबे समय तक किसी को उस पर शक नहीं हुआ।
फिलहाल पुलिस ने आरोपी के खिलाफ हत्या के आठ और हत्या के प्रयास का एक मामला दर्ज कर उसे न्यायिक प्रक्रिया के तहत गिरफ्तार कर लिया है। मामले की फॉरेंसिक जांच अभी जारी है और पुलिस अन्य पहलुओं की भी पड़ताल कर रही है।
सीजी क्राइम रिपोर्टर, प्रधान संपादक
