15 मई 2026
सीजी क्राइम रिपोर्टर
न्यायधानी बिलासपुर
रायपुर। मासिक धर्म स्वच्छता प्रबंधन को लेकर जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से “तारुण्य वार्ता एवं पीरियड्स पर खुलकर” अभियान एवं दो दिवसीय मास्टर ट्रेनर्स प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ श्री बालाजी विद्या मंदिर, देवेंद्र नगर रायपुर में हुआ। यूनिसेफ और भारत स्काउट्स एवं गाइड्स छत्तीसगढ़ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित यह प्रशिक्षण 11 से 12 मई तक चलेगा, जिसमें राज्य के सभी जिलों से स्काउट्स एवं गाइड्स के जिला संगठन आयुक्त एवं एडल्ट लीडर्स शामिल हुए।

कार्यक्रम का शुभारंभ छत्तीसगढ़ राज्य बाल संरक्षण आयोग की अध्यक्ष डॉ. वर्णिका शर्मा ने किया। उन्होंने कहा कि मासिक धर्म पर चुप्पी नहीं बल्कि जागरूकता और खुला संवाद जरूरी है। हर बालिका को सुरक्षित, स्वच्छ और सम्मानजनक माहवारी प्रबंधन का अधिकार मिलना चाहिए। उन्होंने अभियान को समाज में सकारात्मक बदलाव की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए भारत स्काउट्स एवं गाइड्स छत्तीसगढ़ के राज्य मुख्य आयुक्त इंद्रजीत सिंह खालसा ने कहा कि यूनिसेफ के सहयोग से शुरू की गई यह मुहिम प्रदेश के हर वर्ग तक पहुंचाई जाएगी। उन्होंने बताया कि अभियान का समापन 28 मई को मुख्यमंत्री के मुख्य आतिथ्य में किया जाएगा।

यूनिसेफ छत्तीसगढ़ की प्रमुख सीमा कुमार ने कहा कि यह अभियान बालिकाओं की गरिमा, सम्मान और स्वास्थ्य सुरक्षा से जुड़ा है। उन्होंने कहा कि माहवारी से जुड़े मिथकों और सामाजिक झिझक को खत्म करने के लिए जागरूकता बेहद आवश्यक है। अभियान के तहत लड़कियों के साथ-साथ लड़कों को भी माहवारी के प्रति संवेदनशील और जागरूक बनाया जाएगा।
यूनिसेफ के व्यवहार परिवर्तन विशेषज्ञ अभिषेक सिंह ने बताया कि अभियान से किशोरों में स्वास्थ्य एवं स्वच्छता को लेकर जागरूकता बढ़ेगी और माहवारी से जुड़ी भ्रांतियां दूर होंगी। कार्यक्रम में यूनिसेफ की बाल संरक्षण विशेषज्ञ चेतना देसाई, सोशलिस्टर बीना पटेल, भारत स्काउट्स एवं गाइड्स के राष्ट्रीय मुख्यालय आयुक्त जी. स्वामी, रेडक्रॉस सोसायटी के उपाध्यक्ष रूपेश पाणिग्रही, राज्य मुख्यालय आयुक्त रविश गुप्ता सहित अनेक पदाधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का संचालन राज्य प्रशिक्षण आयुक्त पूनम साहू ने किया तथा आभार प्रदर्शन राज्य संयुक्त सचिव बीना यादव ने किया। प्रशिक्षण सत्र यूनिसेफ के एमवीसी कंसल्टेंट अभिषेक त्रिपाठी द्वारा प्रारंभ किया गया। कार्यक्रम के दौरान मासिक धर्म स्वच्छता प्रबंधन का संकल्प दिलाया गया तथा जागरूकता पोस्टर का विमोचन भी किया गया।
