जोखिमपूर्ण ऊर्जा कार्यों में महिलाओं की समान भागीदारी
08 जनवरी 2026
सीजी क्राइम रिपोर्टर….
बिलासपुर
छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनी के विद्युत विकास की गाथा में पुरुष कर्मियों के साथ-साथ महिला कर्मियों की भूमिका भी अत्यंत महत्वपूर्ण रही है। महिलाएं कंधे से कंधा मिलाकर ऊर्जा क्षेत्र के जोखिमपूर्ण कार्यों का निर्वहन पूरी निष्ठा और दक्षता के साथ कर रही हैं। चाहे वह वितरण कंपनी हो, ट्रांसमिशन कंपनी अथवा उत्पादन इकाई—हर क्षेत्र में महिला कर्मियों की सशक्त उपस्थिति दिखाई देती है।
दूरस्थ वनांचल क्षेत्रों एवं दुर्गम पहाड़ी इलाकों में भी महिला विद्युत कर्मी दिन-रात उपभोक्ताओं को निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए सक्रिय रूप से कार्यरत हैं। विषम परिस्थितियों में भी उनके समर्पण और कार्यकुशलता ने यह सिद्ध कर दिया है कि ऊर्जा क्षेत्र में महिलाएं किसी से कम नहीं हैं।

छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड, बिलासपुर क्षेत्र में महिला कर्मी तकनीकी, प्रशासनिक एवं उपभोक्ता सेवा से जुड़े विभिन्न दायित्वों का निर्वहन कर रही हैं। बिजली वितरण, रखरखाव, नए कनेक्शन, फील्ड कार्यों में महिला इंजीनियर एवं तकनीशियन सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। वहीं कार्यालयीन कार्यों, बिलिंग, ग्राहक सेवा, मानव संसाधन और प्रबंधन में महिला अधिकारी एवं कर्मचारी अहम योगदान दे रही हैं।
महिला कर्मी उपभोक्ताओं को बिजली से संबंधित जानकारी प्रदान करने, शिकायतों के त्वरित निवारण, शासन की योजनाओं की जानकारी देने के साथ-साथ ऊर्जा संरक्षण एवं नई तकनीकों जैसे स्मार्ट मीटर के उपयोग के प्रति भी जागरूक कर रही हैं।
सरकार की विभिन्न महिला सशक्तिकरण योजनाओं के परिणामस्वरूप महिलाएं न केवल आत्मनिर्भर बन रही हैं, बल्कि ऊर्जा क्षेत्र सहित हर क्षेत्र में राज्य के विकास में सक्रिय भागीदारी निभा रही हैं।
बिलासपुर क्षेत्र के कार्यपालक निदेशक श्री ए.के. अम्बस्ट ने बताया कि बिलासपुर रीजन के विभिन्न कार्यालयों एवं मैदानी क्षेत्रों में वर्तमान में लगभग 230 से अधिक महिला विद्युत कर्मी कार्यरत हैं। इनमें अधीक्षण अभियंता, कार्यपालन अभियंता, सहायक अभियंता, कनिष्ठ अभियंता सहित अन्य कार्यालयीन स्टाफ शामिल हैं, जो ऊर्जा क्षेत्र के विकास एवं जोखिमपूर्ण कार्यों में पूरी निष्ठा, समर्पण और मेहनत के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन कर रही हैं।
