01 जुलाई 2026
सीजी क्राइम रिपोर्टर
न्यायधानी बिलासपुर
बिलासपुर में लगभग 200 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 240 बेड सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल एवं 100 बेड कैंसर केयर अस्पताल के संचालन को लेकर कांग्रेस ने सरकार पर कई गंभीर सवाल उठाए हैं। पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष एवं बिलासपुर विधानसभा पर्यवेक्षक विजय केशरवानी ने प्रेसवार्ता कर कहा कि जनता के टैक्स के पैसे और सरकारी संसाधनों से बने अस्पताल को निजी भागीदारी (PPP मॉडल) में संचालित करने की आवश्यकता क्यों पड़ रही है, इसका जवाब सरकार को देना चाहिए।

उन्होंने कहा कि अस्पताल की जमीन राज्य सरकार की है, निर्माण में जनता का पैसा लगा है और सभी संसाधन भी सरकारी हैं। ऐसे में यदि पूरा ढांचा सरकारी है तो निजी भागीदारी की जरूरत क्यों महसूस की जा रही है। कांग्रेस ने यह भी पूछा कि PPP मॉडल लागू होने के बाद आम और गरीब मरीजों को कौन-सा अतिरिक्त लाभ मिलेगा, जो पूरी तरह सरकारी व्यवस्था में संभव नहीं था।

प्रेसवार्ता में आरोप लगाया गया कि प्रधानमंत्री द्वारा 29 अक्टूबर 2024 को अस्पताल का उद्घाटन किए जाने और मुख्यमंत्री द्वारा निरीक्षण के बावजूद आज तक अस्पताल अपनी पूर्ण क्षमता से संचालित नहीं हो पाया है। कांग्रेस ने सवाल उठाया कि विशेषज्ञ डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ, पैरामेडिकल कर्मियों तथा तकनीकी कर्मचारियों के पर्याप्त पद अब तक क्यों नहीं भरे गए और मरीजों को आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए इंतजार क्यों करना पड़ रहा है।

विजय केशरवानी ने दावा किया कि चिकित्सा शिक्षा विभाग द्वारा 26 जून 2026 को जारी पत्र में अस्पताल के PPP मॉडल से संचालन के लिए संशोधित आरएफपी, लाइसेंस एग्रीमेंट और वित्तीय मॉडलिंग जैसे दस्तावेजों के संबंध में टेंडर प्रक्रिया आगे बढ़ाने का उल्लेख किया गया है। उन्होंने कहा कि इससे स्पष्ट होता है कि सरकार अस्पताल को PPP मॉडल पर संचालित करने की दिशा में आगे बढ़ रही है।
कांग्रेस ने सरकार से मांग की कि अस्पताल को पहले पूरी क्षमता के साथ सरकारी व्यवस्था में संचालित किया जाए। सभी आवश्यक डॉक्टरों एवं कर्मचारियों की तत्काल भर्ती हो, अत्याधुनिक उपकरणों और सेवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए तथा गरीब एवं सामान्य मरीजों के निःशुल्क एवं गुणवत्तापूर्ण इलाज की गारंटी दी जाए। साथ ही PPP मॉडल से संबंधित सभी दस्तावेज सार्वजनिक कर जनता के सामने पूरी स्थिति स्पष्ट करने की भी मांग की गई।
केशरवानी ने कहा कि बिलासपुर की जनता को अस्पताल के केवल संचालन मॉडल में बदलाव नहीं, बल्कि बेहतर और समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं चाहिए। उन्होंने कहा कि जनता की गाढ़ी कमाई से बने अस्पताल का उद्देश्य गरीब और जरूरतमंद मरीजों को आधुनिक उपचार उपलब्ध कराना है, इसलिए सरकार को इस विषय पर स्पष्ट जवाब देना चाहिए।
सीजी क्राइम रिपोर्टर, प्रधान संपादक
