01 जुलाई 2026
सीजी क्राइम रिपोर्टर
न्यायधानी बिलासपुर/रायगढ़ विशेष
रायगढ़: जिले में कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ रायगढ़ पुलिस ने एक बार फिर सख्त कार्रवाई करते हुए तमनार क्षेत्र के आदतन झगड़ा-मारपीट करने वाले सात उपद्रवी युवकों को प्रतिबंधात्मक कार्रवाई के तहत गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देश पर चल रही जीरो टॉलरेंस नीति के तहत यह कार्रवाई की गई, जिससे क्षेत्र के असामाजिक तत्वों में हड़कंप मच गया है।
एसएसपी शशि मोहन सिंह के मार्गदर्शन तथा एसडीओपी धरमजयगढ़ सिद्धांत तिवारी के निर्देशन में थाना प्रभारी तमनार निरीक्षक प्रशांत राव ने हाल के दिनों में प्राप्त झगड़ा, विवाद और मारपीट की शिकायतों की समीक्षा कर आदतन उपद्रवियों को चिन्हित किया। सभी को थाना बुलाकर कड़ी चेतावनी और समझाइश दी गई, लेकिन उनके दोबारा शांति भंग करने की आशंका को देखते हुए थाना तमनार पुलिस ने बीएनएसएस की धारा 170 सहपठित धारा 123 एवं 135(3) के तहत प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करते हुए सभी को एसडीएम न्यायालय में पेश किया।
न्यायालय ने सभी आरोपियों के विरुद्ध जेल वारंट जारी किया, जिसके बाद उन्हें जेल भेज दिया गया। कार्रवाई में एएसआई सुरति लाल सिदार, प्रधान आरक्षक दिलदार कुरैशी, विपिन पटेल, हेम प्रकाश सोन तथा आरक्षक पुरुषोत्तम सिदार, पुष्पेंद्र सिदार और रंजीत भगत की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
जेल भेजे गए आरोपी
चुडामणी गुप्ता (23), मनीष कुमार यादव (21), नारायण दास महंत (41), मनीष कुमार यादव (26), नरेन्द्र पटनायक (25) तथा कमल किशोर सिदार (23) शामिल हैं। (प्रेस विज्ञप्ति में सात उपद्रवियों का उल्लेख है, जबकि सूची में छह नाम दिए गए हैं।)
रायगढ़ पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जिले में कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले, आदतन झगड़ा-मारपीट करने वाले और आम नागरिकों में भय का माहौल पैदा करने वाले तत्वों के विरुद्ध आगे भी इसी तरह की कठोर कार्रवाई जारी रहेगी। एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि जिले में अपराध और गुंडागर्दी करने वालों के लिए कोई स्थान नहीं है तथा शांति भंग करने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
सीजी क्राइम रिपोर्टर, प्रधान संपादक
