18 जून 2026
सीजी क्राइम रिपोर्टर
न्यायधानी बिलासपुर/यातायात पुलिस
बिलासपुर:सड़क दुर्घटनाओं में युवाओं की बढ़ती भागीदारी को देखते हुए यातायात पुलिस बिलासपुर ने बड़े स्तर पर जागरूकता अभियान चलाते हुए 1000 से अधिक एनसीसी एवं स्काउट-गाइड कैडेटों को यातायात नियमों और सड़क सुरक्षा के प्रति प्रशिक्षित किया। इस दौरान कैडेटों को ‘यातायात पुलिस ब्रांड एंबेसडर’ के रूप में जिम्मेदारी भी सौंपी गई, ताकि वे समाज में सड़क सुरक्षा का संदेश पहुंचा सकें।

पुलिस उप महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात रामगोपाल करियारे के पर्यवेक्षण में आयोजित इस विशेष प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन गुरु घासीदास विद्यालय बिलासपुर के रजत जयंती सभा कक्ष में किया गया।
कार्यक्रम में संभाग स्तरीय प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे 1000 से अधिक एनसीसी और स्काउट-गाइड कैडेट शामिल हुए।

कार्यशाला में यातायात अधिकारियों ने सड़क सुरक्षा के सभी महत्वपूर्ण पहलुओं पर विस्तार से जानकारी दी। युवाओं को बताया गया कि सोशल मीडिया पर व्यूज बढ़ाने के लिए सड़क पर रील बनाना, खतरनाक स्टंट करना, तेज और लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाना, मोबाइल या ईयरबड का उपयोग करते हुए ड्राइविंग करना न केवल कानून का उल्लंघन है बल्कि जानलेवा भी साबित हो सकता है।
अधिकारियों ने नंबर प्लेट से छेड़छाड़ कर चालान से बचने की कोशिश, मॉडिफाइड साइलेंसर का उपयोग, तेज आवाज वाले वाहनों का संचालन, अमानक एवं चकाचौंध करने वाली हेडलाइटों का प्रयोग, नाबालिगों द्वारा वाहन चलाना तथा हेलमेट और सीट बेल्ट का उपयोग नहीं करने जैसी प्रवृत्तियों के दुष्परिणामों से भी अवगत कराया।
प्रशिक्षण के दौरान कैडेटों को आधुनिक यातायात प्रबंधन प्रणाली आईटीएमएस (इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम), नेक्स्ट जेन एम-परिवहन, पीओएस मशीन तथा बॉडी वॉर्न कैमरा जैसी अत्याधुनिक तकनीकों के माध्यम से की जा रही स्मार्ट पुलिसिंग और चालानी कार्रवाई की भी जानकारी दी गई।
यातायात पुलिस ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में सबसे अधिक प्रभावित वर्ग युवा है। इसी कारण विद्यालयों, महाविद्यालयों और अन्य सार्वजनिक संस्थानों में लगातार जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि युवाओं में ट्रैफिक सेंस और सिविक सेंस विकसित हो तथा वे जिम्मेदार नागरिक बनकर सड़क सुरक्षा के नियमों का पालन करें।
कार्यक्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात रामगोपाल करियारे, कर्नल लोकेश देवा, कैप्टन आशीष शर्मा, सूबेदार मेजर देवेश, फर्स्ट ऑफिसर अशोक नागपुरे, रंजू शर्मा, नवीन सिरस्वर, सेकंड ऑफिसर रवि आडीले, पुखराज माझी, नारायण साहू, मृणाल सहित सभी एनसीसी अधिकारी, आर्मी स्टाफ और स्काउट-गाइड कैडेट उपस्थित रहे।
सीजी क्राइम रिपोर्टर, प्रधान संपादक
