19 जून 2026
सीजी क्राइम रिपोर्टर
न्यायधानी बिलासपुर/रायगढ़ विशेष
रायगढ़ पुलिस ने करीब 1 करोड़ 77 लाख रुपये की निवेश धोखाधड़ी के मामले में फरार चल रहे आरोपी विश्वजीत देवनाथ को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन क्लीन हंट’ के तहत कोतवाली पुलिस ने आरोपी को जिला जांजगीर-चांपा से दबोचकर रायगढ़ लाया और न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार दरोगापारा निवासी संजय मिश्रा ने 30 मई 2026 को थाना कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि आरोपी विश्वजीत देवनाथ ने स्वयं को एलईडी बल्ब निर्माण और शेयर मार्केट ट्रेडिंग व्यवसाय से जुड़ा बताकर निवेश पर प्रतिमाह 6 प्रतिशत ब्याज और 10 प्रतिशत मूलधन वापसी का लालच दिया था।
आरोपी के झांसे में आकर संजय मिश्रा ने बैंक से ऋण लेकर 12 लाख रुपये निवेश किए। शुरुआती दिनों में आरोपी द्वारा नियमित भुगतान किए जाने से उसका विश्वास बढ़ा और अन्य लोगों ने भी निवेश करना शुरू कर दिया।
13 से अधिक निवेशकों से जुटाए 1.77 करोड़ रुपये
जांच में सामने आया कि आरोपी ने संजय मिश्रा सहित 13 से अधिक निवेशकों से कुल 1 करोड़ 77 लाख 10 हजार रुपये निवेश कराए थे। बाद में निवेशकों को जानकारी मिली कि शेयर ट्रेडिंग के लिए आवश्यक डीमैट खाते और दस्तावेज आरोपी के पास उपलब्ध नहीं थे, जिससे उन्हें धोखाधड़ी का संदेह हुआ और पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई।
जांजगीर-चांपा से हुई गिरफ्तारी:अपराध क्रमांक 288/2026 धारा 420 भादवि के तहत दर्ज मामले की जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि आरोपी के विरुद्ध थाना चांपा में भी धोखाधड़ी का एक अन्य मामला दर्ज है। थाना प्रभारी निरीक्षक सुखनंदन पटेल के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने जांजगीर-चांपा पुलिस के सहयोग से दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार किया।
पूछताछ में किया बड़ा खुलासा:पूछताछ के दौरान आरोपी ने स्वीकार किया कि वह लोगों से निवेश कराकर विभिन्न बैंक खातों और ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म के माध्यम से शेयर बाजार में रकम लगाता था। प्रारंभिक अवधि में निवेशकों को भुगतान कर विश्वास बनाया गया, लेकिन बाद में शेयर बाजार में नुकसान होने के कारण वह रकम वापस नहीं कर सका। आरोपी ने यह भी बताया कि उसके उपयोग की फॉर्च्यूनर वाहन और बैंकिंग दस्तावेज थाना चांपा में दर्ज प्रकरण में पहले ही जप्त किए जा चुके हैं।
वित्तीय लेनदेन की जांच जारी:पुलिस ने आरोपी विश्वजीत देवनाथ (43 वर्ष) निवासी जिला नदिया, पश्चिम बंगाल को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है। पुलिस अब आरोपी के बैंक खातों, ट्रेडिंग खातों और अन्य वित्तीय लेनदेन की विस्तृत जांच कर रही है। साथ ही संभावित निवेश नेटवर्क और अन्य पीड़ितों की भी जांच जारी है।
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने आम जनता से अपील करते हुए कहा कि किसी भी निवेश योजना में पैसा लगाने से पहले उसकी वैधता और दस्तावेजों का सत्यापन अवश्य करें।
अधिक मुनाफे का लालच देने वाली योजनाओं से सावधान रहें तथा किसी भी संदिग्ध निवेश या साइबर ठगी की सूचना तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 या नजदीकी पुलिस थाने में दें।
सीजी क्राइम रिपोर्टर, प्रधान संपादक
